राजेंद्र करनाल की रिपोर्ट ।। सहरनपुर।।
पाइनवुड विद्यालय में “राज्य स्तरीय एंटी-डोपिंग एवं पोषण जागरूकता कार्यशाला” का आयोजन किया गया इस कार्यशाला का आयोजन फिजिकल एजुकेशन फाउंडेशन ऑफ इंडिया (PEFI) द्वारा किया गया , जो भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय द्वारा मान्यता प्राप्त एक राष्ट्रीय खेल प्रोत्साहन संगठन है। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय एंटी-डोपिंग एजेंसी (NADA), भारत तथा पाइनवुड स्कूल के सहयोग से आयोजित किया गया ।आज की इस कार्यशाला का आयोजन नैतिक खेल भावना, डोपिंग के हानिकारक प्रभावों तथा स्वस्थ, अनुशासित और सफल खेल संस्कृति के निर्माण में उचित पोषण के महत्व के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से किया गया ।आज की अत्यधिक प्रतिस्पर्धात्मक दुनिया में फिटनेस, पोषण और निष्पक्ष खेल भावना के प्रति जागरूकता केवल खिलाड़ियों के लिए ही नहीं, बल्कि प्रत्येक युवा के लिए आवश्यक है, जो एक स्वस्थ और जिम्मेदार जीवन जीने की आकांक्षा रखता है। इस कार्यशाला का शुभारंभ मुख्यातिथि डॉ. पीयूष जैन
पाइनवुड विद्यालय निदेशिका श्रीमती संतोष गुप्ता, प्रधानाचार्य डाॅ. संजीव जैन ,श्रीमती करूणा झा ,श्री दीपक गुप्ता ,श्री हरदेव सिंह, श्री दिनेश गौर, श्री चन्द्रशेखर राणा,श्री गौरव कपिल, श्री सचिन कुमार गोयल,श्री पंकज कुमार ,श्रीमती नन्दिनी रावत ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया । विद्यालय निदेशिका व प्रधानाचार्य महोदय ने सभी गणमान्य अतिथियों का बुके देकर स्वागत किया व सभी का आभार प्रकट किया ।
कार्यशाला के प्रथम सेशन में NADA के श्री सचिन कुमार गोयल ने डोपिंग के दुष्प्रभावों के विषय में जागरुक करते हुए एंटी-डोपिंग नियमों से अवगत कराया । दूसरे सेशन में श्री पंकज कुमार ने संतुलित पोषण के महत्त्व के प्रति जागरूक किया । विशेषज्ञ वक्ताओं ने विद्यार्थियों को उचित खान-पान, फिटनेस, खेल भावना तथा एंटी-डोपिंग नियमों की जानकारी दी। कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया तथा विषय से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्राप्त कीं।कार्यशाला का मुख्य आकर्षण प्रश्नोत्तर सत्र रहा, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए डोपिंग, पोषण एवं खेलों से संबंधित विभिन्न प्रश्नों के उत्तर दिए जिसके लिए उन्हें पुरस्कार भी दिए गए ।
विद्यालय प्रधानाचार्य डॉ. संजीव जैन ने सभी अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम युवाओं के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।पैफी के जिला अध्यक्ष चौधरी राजेश पाल ने कहा जो खिलाड़ी डोपिंग में इंवॉल्व हो जाते हैं 28 30 साल के बाद उनका जीवन खराब हो जाता है अतः अपनी खुराक के प्रति सचेत रहें। जाने अनजाने में डोपिंग से बचे।पैफी के जिला अध्यक्ष चौधरी राजेश पाल ने कहा जो खिलाड़ी डोपिंग में इंवॉल्व हो जाते हैं 28 30 साल के बाद उनका जीवन खराब हो जाता है अतः अपनी खुराक के प्रति सचेत रहें। जाने अनजाने में डोपिंग से बचे।